Saturday, November 26, 2005

रात का कोहरा

माना एक अरसा आस जगाता होगा,
कुछ बदल भी जाता होगा,
एक नया दिन होता होगा,
पर रात का कोहरा तो रहता होगा,
अन्तर को एक ठिठुरन तो देता होगा

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